ग्वालियर के बिलौआ में अवैध खनिज चोरी पर एफआईआर,
छोटी मछलियों के बलि का बकरा बड़े मगरमच्छों को अभयदान…
खनिज विभाग और जिला प्रशासन का बड़ा कारनामा
ग्वालियर में खनिज माफिया के खिलाफ हुई कार्रवाई में आखिरकार पहली एफआईआर हो ही गई। खनिज निरीक्षक की शिकायत पर बिलौआ थाने में 6 नामजद लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है इन सभी पर खदान से खनिज चोरी करने का आरोप है। दरअसल बिलौआ थाना क्षेत्र के ग्राम राफादपुर स्थित खसरा नंबर 151/02 की काली गिट्टी खदान से खनिज चोरी के मामले में पुलिस ने आखिरकार प्रकरण दर्ज किया है। खनिज निरीक्षक ग्वालियर रमाकांत पुत्र कैलाश प्रसाद तिवारी की शिकायत पर बिलौआ थाने में अपराध क्रमांक 103/2026 के तहत धारा 303(2) बीएनएस और 379 तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक खनिज चोरी की घटना 8 सितंबर 2026 की रात करीब 12:10 बजे की बताई गई है, जबकि प्रकरण 29 सितंबर की रात 10:35 बजे दर्ज किया गया। यानी घटना के करीब तीन सप्ताह बाद एफआईआर दर्ज होने से कार्रवाई को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
छह लोगों के नाम दर्ज
मामले में पुलिस ने अरविन्द्र शर्मा निवासी बिलौआ, रोशन शर्मा निवासी मुरार ग्वालियर, रामू कटारे निवासी मुरार ग्वालियर, नागेन्द्र जैन उर्फ पिंकी जैन निवासी बिलौआ, आशीष शर्मा निवासी मुरार ग्वालियर और कुलदीप शर्मा निवासी पोरसा, मुरैना को आरोपी बनाया है।
शिकायत के अनुसार आरोपियों द्वारा खदान से खनिज की चोरी किए जाने की बात सामने आई है। मामले की जांच उपनिरीक्षक सुदीप परमार द्वारा की जा रही है।
हाईकोर्ट के आदेश के बाद एक महीने से नाकाबंदी
मामले का एक अहम पहलू यह भी है कि संबंधित क्षेत्र में हाईकोर्ट के आदेश के चलते करीब एक महीने से नाकाबंदी चल रही है। ऐसे में नाकाबंदी और निगरानी के बावजूद खदान से खनिज चोरी का मामला सामने आने के बाद खनिज परिवहन और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
अब पुलिस जांच में यह स्पष्ट होना बाकी है कि खदान से कितना खनिज निकाला गया, चोरी में किस प्रकार के वाहनों या मशीनरी का इस्तेमाल हुआ और इस पूरे मामले में अन्य कोई व्यक्ति शामिल था या नहीं।
अब यह एफआईआर खनिज विभाग ने अपनी गर्दन बचानेके लिए की है या अंदरखाने में कौनसी खिचड़ी पक रही है ये पुलिस की जांच में सामने आ पाएगा लेकिन इस मामले में बड़े नामों को बचाने के साथ पिछले दिनों बड़ी कार्रवाई करने के बाद भी उन्हें पूरी तरह बख्श दिया गया है।
फिलहाल बिलौआ पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। खनिज की मात्रा, चोरी का तरीका, परिवहन में इस्तेमाल वाहनों और संबंधित दस्तावेजों की जांच के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि खनिज चोरी का दायरा कितना बड़ा है और इसमें कितने लोग शामिल हैं। सुमन गुर्जर का कहना है कि इस मामले में बिलौआ थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बाइट -: सुमन गुर्जर (एडिशनल एसपी ग्वालियर
